
देहरादून/श्रीनगर, 19 जून। श्रीनगर शहर में जल्द ही सभी विद्युत लाइनों को भूमिगत (अंडरग्राउंड) किया जाएगा। इसके लिए ऊर्जा विभाग को विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजने के निर्देश दे दिए गए हैं। साथ ही श्रीनगर को सोलर सिटी के रूप में विकसित करने और उफरैंखाल में नए विद्युत सब स्टेशन की स्थापना की दिशा में भी तेजी से कार्य किया जाएगा। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने श्रीनगर विधानसभा क्षेत्र में विद्युत समस्याओं की समीक्षा के लिए आयोजित ऊर्जा विभाग की बैठक में दी।
बैठक में डॉ. रावत ने अधिकारियों को श्रीनगर शहर की सभी विद्युत लाइनों को भूमिगत करने के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिजली की लाइनें भूमिगत होने से शहर का सौंदर्य बढ़ेगा और लोगों को खंभों पर झूलते तारों से राहत मिलेगी। इससे सुरक्षा संबंधी जोखिम भी कम होंगे।
उन्होंने श्रीनगर को सोलर सिटी के रूप में विकसित करने की योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि पहले चरण में सभी सरकारी भवनों, विद्यालयों और अस्पतालों की छतों पर सोलर पैनल लगाए जाएंगे। इससे बिजली की बचत होगी और कार्बन उत्सर्जन में भी कमी आएगी।कैबिनेट मंत्री ने बताया कि श्रीनगर विधानसभा क्षेत्र के उफरैंखाल में नया विद्युत सब स्टेशन स्थापित किया जाएगा, जिससे क्षेत्र के बड़े हिस्से में निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जा सकेगी।
बैठक के दौरान उन्होंने विभिन्न गांवों में जर्जर और क्षतिग्रस्त विद्युत पोलों को बदलने, आवश्यकता अनुसार पोलों की शिफ्टिंग करने, पुराने एवं अनुपयोगी ट्रांसफार्मरों के स्थान पर नए ट्रांसफार्मर लगाने तथा विद्युत आपूर्ति को सुचारू बनाने के निर्देश दिए।
डॉ. रावत ने अधिकारियों से कहा कि उपभोक्ताओं को नियमित रूप से प्रत्येक दो माह में बिजली बिल उपलब्ध कराया जाए तथा विद्युत दरों की जानकारी के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाए। उन्होंने प्रदेश के सभी राजकीय विद्यालयों में शत-प्रतिशत विद्युतीकरण सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। उनका कहना था कि कई विद्यालयों में बिजली कनेक्शन नहीं होने से छात्र-छात्राओं को पढ़ाई में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।बैठक में अपर सचिव ऊर्जा एवं एमडी पिटकुल मेहरबान सिंह बिष्ट, निदेशक परिचालन यूपीसीएल एम.आर. आर्या, मुख्य अभियंता गढ़वाल जोन एन.एस. बिष्ट, अधीक्षण अभियंता श्रीनगर मयूर देव सिंह सहित ऊर्जा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।






