खटीमा 28 फरवरी। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दियूरी, खटीमा स्थित डिवाइन इंटरनेशनल स्कूल में आयोजित होली मिलन समारोह में सहभागिता कर क्षेत्रवासियों को होली की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने पारंपरिक कुमाऊँनी होली, शास्त्रीय होली एवं थारू होली गायन में जनसमुदाय के साथ सहभागिता कर रंगोत्सव की खुशियों को आत्मीयता से साझा किया। कार्यक्रम में उपस्थित जनसमूह ने पुष्पवर्षा कर उनका भव्य स्वागत किया।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि उत्तराखंड की लोकसंस्कृति, परंपराएं और पर्व हमारी सांस्कृतिक पहचान के मूल आधार हैं। होली रंगों और उल्लास का पर्व है, जो अपनों के साथ ही पूर्णता पाता है। उन्होंने भावुक स्वर में कहा कि खटीमा उनका घर है और यहां के लोग उनका परिवार हैं। अपने परिवारजनों के बीच आकर उन्हें विशेष प्रसन्नता का अनुभव होता है तथा बुजुर्गों का आशीर्वाद उनके लिए प्रेरणा का स्रोत है।
उन्होंने कहा कि होली मिलन जैसे आयोजन हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को सहेजने के साथ-साथ युवा पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का सशक्त माध्यम हैं। होली केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि सामाजिक एकता, सद्भाव, समरसता और आपसी भाईचारे का प्रतीक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खटीमा सर्वधर्म समभाव की जीवंत मिसाल है और इसे ‘मिनी इंडिया’ के रूप में जाना जाता है, जहां सभी धर्मों एवं समुदायों के लोग प्रेम और सौहार्द के साथ सभी पर्व मिलजुलकर मनाते हैं। आधुनिक परिवेश में भी पारंपरिक संस्कृति को जीवंत बनाए रखना सराहनीय है।
उन्होंने आह्वान किया कि सभी लोग मिलकर खटीमा, प्रदेश और देश की उन्नति के लिए कार्य करें तथा प्रधानमंत्री के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं। प्रेम, भाईचारे और सौहार्द के साथ होली मनाते हुए खटीमा को आदर्श क्षेत्र बनाने का संकल्प लें।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने स्थानीय नागरिकों के साथ होली खेली और सभी को सुख, शांति एवं समृद्धि से परिपूर्ण होली की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी एवं क्षेत्रवासी उपस्थित थे।








