
देहरादून, 13 मई। प्रदेश के सहायता प्राप्त अशासकीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों और कर्मचारियों को पिछले तीन महीनों से वेतन न मिलने के मामले में विद्यालयी शिक्षा मंत्री धन सिंह रावत ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को फटकार लगाते हुए लंबित वेतन को शीघ्र जारी करने के निर्देश दिए हैं।
मंत्री ने स्पष्ट किया कि शिक्षकों और कर्मचारियों को अनावश्यक आर्थिक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े, इसके लिए सभी लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जाए। उन्होंने भविष्य में इस तरह की लापरवाही न दोहराने की चेतावनी भी दी।डॉ. रावत ने कहा कि शिक्षक समाज राष्ट्र निर्माण की महत्वपूर्ण कड़ी हैं और सरकार उनके हितों एवं सम्मान के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने निर्देशित किया कि विभागीय स्तर पर लंबित औपचारिकताओं को तेजी से पूरा कर जल्द से जल्द वेतन भुगतान सुनिश्चित किया जाए, ताकि प्रभावित कर्मचारियों को राहत मिल सके।
इस बीच अशासकीय माध्यमिक शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने मंत्री द्वारा मामले का संज्ञान लेने और त्वरित कार्रवाई के निर्देश देने पर आभार जताया है। उन्होंने मांग की कि राजकीय शिक्षकों की तरह अशासकीय विद्यालयों के शिक्षकों और कर्मचारियों का वेतन भी समय पर जारी किया जाए।
शिक्षा मंत्री धन सिंह रावत ने उत्तरकाशी जनपद के मोरी विकासखंड स्थित ओसला गांव में विद्यालय भवन न होने संबंधी खबरों का भी संज्ञान लिया है। उन्होंने पूरे मामले की विस्तृत जांच कर तथ्यात्मक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।
प्राथमिक रिपोर्ट के अनुसार, राजकीय प्राथमिक विद्यालय ओसला में 24 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं और विद्यालय भवन सुचारु रूप से संचालित हो रहा है। वहीं उच्च प्राथमिक विद्यालय में केवल एक छात्र होने के कारण दोनों का संचालन फिलहाल एक ही भवन में किया जा रहा है।विभागीय जानकारी के मुताबिक, भवन मरम्मत और रंग-रोगन के लिए पूर्व में धनराशि स्वीकृत की जा चुकी है, जबकि निर्माण कार्य को समयबद्ध पूरा करने के निर्देश संबंधित कार्यदायी संस्था को दिए गए हैं।




