
देहरादून, 14 मार्च। उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष ने देश और प्रदेश में रसोई गैस के संकट के लिए केंद्र सरकार की नीतियों को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय हालात और विदेश नीति के कारण उत्पन्न स्थिति का खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है।
देहरादून में जारी बयान में धस्माना ने कहा कि अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान के खिलाफ छेड़े गए युद्ध के बाद पेट्रोलियम पदार्थों और एलपीजी की आपूर्ति प्रभावित हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र की नीतियों और कमजोर विदेश नीति के कारण यह स्थिति बनी है।
उन्होंने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के उस आरोप पर भी पलटवार किया, जिसमें कांग्रेस पर इस मामले में भ्रम फैलाने की बात कही गई थी। धस्माना ने कहा कि पूरे देश और दुनिया को पता है कि युद्ध शुरू होने से पहले प्रधानमंत्री का इजराइल दौरा, ईरान के शीर्ष नेताओं की मौत पर भारत की चुप्पी और ईरान के खिलाफ मतदान जैसे कदमों से ईरान की नाराजगी स्वाभाविक है।
धस्माना ने कहा कि ईरान की नाराजगी के कारण स्ट्रेट ऑफ हार्मुज के रास्ते भारत आने वाली गैस और पेट्रोलियम आपूर्ति प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा कि या तो भाजपा प्रदेश अध्यक्ष को इस स्थिति की जानकारी नहीं है या फिर वे जनता को भ्रमित कर रहे हैं।
कांग्रेस नेता ने कहा कि यदि सरकार के अनुसार देश में गैस की कोई कमी नहीं है तो घरेलू सिलेंडर पर 60 रुपये और व्यावसायिक सिलेंडर पर 115 रुपये की बढ़ोतरी क्यों की गई। उन्होंने कहा कि सरकार को इस मुद्दे पर जनता को स्पष्ट जवाब देना चाहिए।






