

पर्यटन और स्थानीय रोजगार को मिलेगा नया आयाम — ‘आदर्श चम्पावत’ की दिशा में एक और कदम
चम्पावत 15 अक्टूबर।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को अपने विधानसभा क्षेत्र अमोड़ी में ₹1.60 करोड़ की लागत से बनने वाली “वे साइड एमिनिटी (Way Side Amenities)” परियोजना का शिलान्यास व भूमि पूजन किया। यह योजना मुख्यमंत्री की घोषणा के अंतर्गत ग्राम उत्थान परियोजना (REAP) तथा उत्तराखण्ड कृषि उत्पादन एवं विपणन बोर्ड, रुद्रपुर के सहयोग से संचालित की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह परियोजना ‘आदर्श चम्पावत’ की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे जहां पर्यटन सुविधाएं मजबूत होंगी, वहीं स्थानीय युवाओं और महिलाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी खुलेंगे। उन्होंने कहा कि इस तरह की योजनाएं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति देने और स्थानीय उत्पादों को बाजार से जोड़ने में सहायक सिद्ध होंगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस वे साइड एमिनिटी कॉम्प्लेक्स में यात्रियों और पर्यटकों के लिए आरामदायक विश्राम स्थल, स्वच्छ एवं आधुनिक शौचालय, कैफेटेरिया, स्थानीय हस्तशिल्प एवं कृषि उत्पादों के विक्रय केंद्र जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी। साथ ही वाहन पार्किंग, हरित क्षेत्र (ग्रीन जोन) और सूचना केंद्र भी विकसित किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य चम्पावत को विकास के मॉडल जनपद के रूप में स्थापित करना है, जहाँ पर्यटन, कृषि, बुनियादी ढाँचा और स्थानीय उद्यमिता मिलकर प्रदेश के लिए एक आदर्श उदाहरण पेश करें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “वोकल फॉर लोकल” और “आत्मनिर्भर भारत” के संकल्प को आगे बढ़ा रही है। इसी दिशा में प्रदेश में ग्रामीण पर्यटन, होमस्टे, जैविक उत्पाद और पारंपरिक हस्तकला को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएँ लागू की गई हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसी परियोजनाएँ न केवल पर्यटन विकास को नई दिशा देंगी बल्कि युवा पीढ़ी को आत्मनिर्भरता और स्वरोजगार की ओर अग्रसर करेंगी। मुख्यमंत्री ने उपस्थित ग्रामीणों से संवाद करते हुए कहा कि “जनभागीदारी से ही विकास की परिकल्पना साकार हो सकती है।”
कार्यक्रम में दायित्वधारी श्याम नारायण पांडे, अनिल डब्बू, शंकर कोरंगा, भाजपा जिलाध्यक्ष गोविंद सामंत, जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद अधिकारी, भाजपा प्रदेश मंत्री निर्मल मेहरा, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक अजय गणपति सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
अंत में मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों को परियोजना का निर्माण समयबद्ध रूप से प्रारंभ करने के निर्देश दिए।








