देवभूमि के गौरव को पुनर्स्थापित करने का संकल्प पूरा करने की ओर बढ़ रही सरकार: धामी

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देहरादून 23 मार्च। पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को सरकार के चार वर्ष पूरे होने के अवसर पर परेड ग्राउंड में आयोजित “4 साल बेमिसाल” कार्यक्रम में प्रदेशवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि देवभूमि के गौरव को पुनर्स्थापित करने का संकल्प तेजी से सिद्धि की ओर बढ़ रहा है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण भी किया तथा विभागीय विकास प्रदर्शनी का अवलोकन किया।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन की शुरुआत प्रदेशवासियों को नवरात्र की शुभकामनाएं देते हुए की। उन्होंने कहा कि चार वर्ष पूर्व जनता ने सभी मिथकों को तोड़ते हुए उन्हें पुनः राज्य की सेवा का अवसर दिया था। इसी परेड ग्राउंड में शपथ ग्रहण के दौरान उन्होंने राज्य आंदोलनकारियों के सपनों के अनुरूप देवभूमि के गौरव को पुनर्स्थापित करने का संकल्प लिया था, जो अब तेजी से साकार होता दिखाई दे रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2021 में केदारनाथ धाम की पावन भूमि से कहा था कि “21वीं सदी का तीसरा दशक उत्तराखंड का दशक होगा।” उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री के इन शब्दों को चरितार्थ करने के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। पिछले चार वर्षों में सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, रेल और हवाई कनेक्टिविटी को मजबूत करने के साथ प्रदेश के समग्र विकास के लिए अनेक नीतियां लागू की गई हैं।

उन्होंने बताया कि राज्य में पहली बार जी-20 की बैठकों का सफल आयोजन हुआ और राष्ट्रीय खेलों का भव्य आयोजन भी किया गया। साथ ही राज्य में पहली बार आयोजित ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट में 3.76 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए, जिनमें से एक लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश को धरातल पर उतारा जा चुका है।

आर्थिक विकास में उल्लेखनीय बढ़ोतरी

मुख्यमंत्री ने कहा कि बीते चार वर्षों में राज्य की आर्थिकी में डेढ़ गुना से अधिक वृद्धि हुई है। पिछले एक वर्ष में राज्य की जीएसडीपी में 7.23 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जबकि प्रतिव्यक्ति आय में 41 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। इस दौरान राज्य में 20 हजार से अधिक नए उद्योग स्थापित हुए और स्टार्टअप की संख्या 700 से बढ़कर लगभग 1750 हो गई है। साथ ही 2 लाख 65 हजार से अधिक महिलाएं “लखपति दीदी” बन चुकी हैं। सरकार के प्रयासों से रिवर्स पलायन में भी 44 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।

राष्ट्रीय स्तर पर मिली सराहना

मुख्यमंत्री ने बताया कि नीति आयोग द्वारा जारी सतत विकास लक्ष्य इंडेक्स 2023-24 में उत्तराखंड को पहला स्थान प्राप्त हुआ है। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में राज्य को “एचीवर्स” और स्टार्टअप रैंकिंग में “लीडर्स” श्रेणी में स्थान मिला है। इसके अलावा इंडिया इनोवेशन इंडेक्स में हिमालयी राज्यों में दूसरा स्थान मिला है। राज्य को लगातार चार वर्षों से देश का “मोस्ट फिल्म फ्रेंडली स्टेट” होने का गौरव भी प्राप्त हो रहा है। खनन क्षेत्र में सुधारों के लिए जारी राज्य खनन तत्परता सूचकांक में भी उत्तराखंड को देश में दूसरा स्थान मिला है।

30 हजार युवाओं को मिली सरकारी नौकरी

मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ रोकने के लिए सरकार ने सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया है। इसके परिणामस्वरूप पिछले साढ़े चार वर्षों में राज्य के 30 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां मिली हैं और 100 से अधिक नकल माफिया जेल भेजे गए हैं। उन्होंने कहा कि अब भ्रष्टाचार के मामलों में बड़े आरोपियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जा रही है।

देवभूमि के स्वरूप की रक्षा के लिए कदम

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार देवभूमि की सांस्कृतिक पहचान और जनसांख्यिकी संतुलन को बनाए रखने के लिए भी गंभीर प्रयास कर रही है। इसके तहत सख्त धर्मांतरण विरोधी और दंगा विरोधी कानून लागू किए गए हैं। अब तक 12 हजार एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया है। इसके अलावा छद्म भेष में ठगी करने वालों के खिलाफ “ऑपरेशन कालनेमि” चलाया गया है और राज्य में समान नागरिक संहिता कानून भी लागू किया गया है।

रोड शो और प्रदर्शनी का अवलोकन

कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री ने कनक चौक से कार्यक्रम स्थल तक रोड शो किया और विभिन्न विभागों द्वारा लगाई गई विकास प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, गणेश जोशी, खजान दास, राम सिंह कैड़ा, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, मेयर सौरभ थपलियाल, विधायक सहदेव पुंडीर, उमेश शर्मा काऊ, विनोद चमोली, सविता कपूर, मुन्ना सिंह चौहान, बृजभूषण गैरोला सहित कई जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

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